September 2, 2026

 नीट प्रदर्शन में शामिल छात्रों पर दर्ज सभी FIR रद्द : सुप्रीम कोर्ट 

 नीट प्रदर्शन में शामिल छात्रों पर दर्ज सभी FIR रद्द : सुप्रीम कोर्ट

(विशेष संवाददाता)

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने नीट परीक्षा को लेकर हुए विरोध-प्रदर्शनों में शामिल छात्रों  के खिलाफ देशभर में 20 से 25 जुलाई के बीच दर्ज सभी प्राथमिकियां (FIR) रद्द करने का आदेश दिया है।

सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत, न्यायमूर्ति जाॅयमाल्या बागची और वी. मोहाना की पीठ ने स्पष्ट किया कि शांतिपूर्ण तरीके से विरोध करना अपने आप में अपराध नहीं है और छात्रों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए उनके खिलाफ दर्ज मामलों को आगे नहीं बढ़ाया जाएगा। अदालत ने सिर्फ उनके खिलाफ ही प्राथमिकी दर्ज करने की छूट दी है,जिन छात्रों का पहले से गंभीर आपराधिक इतिहास रहा है या जिनके खिलाफ पुराने आपराधिक मामले दर्ज हैं।

मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने दिल्ली पुलिस को यह निर्देश दिया है कि भविष्य में भी इस प्रकार के मामलों की जांच में करने में सावधानी की जानी चाहिए। क्योंकि विरोध करना अपने आप में कोई अपराध नही है। उन्होंने कहा कि प्रतियोगिता की इस दुनिया में अपने लिए जगह बनाना कोई आसान काम नही है।

सुप्रीम कोर्ट की इस पीठ ने संविधान के अनुच्छेद -142 के अनुसार अपनी असाधारण शक्तियों का प्रयोग करते हुए यह निर्णय करते साफ कर दिया कि तथ्यों, हालातों व छात्रों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए मिसाल के तौर पर यह निर्णय लिया गया है। क्योंकि नीट पेपर लीक होने के मामले में छात्र अपने भविष्य की सुरक्षा केलिए विरोध -प्रदर्शन में ईमानदारी से शामिल थे। और नीट-यूजी 2026 के बाद आंदोलन के दौरान छात्रों के परिवारों को हुई परेशानियों को देखते हुए उन्हें उचित मुआवजा देने का निर्देश भी दिया। फैसले के बाद छात्र संगठनों ने इसे बड़ी राहत बताते हुए स्वागत किया है।

By PEHLIKHABAR

हम सभी ख़बरें पूरी तरह पुस्टि करने बाद ही खबर को प्रकाशित करते है।

Related Post

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *